ड्रग्स पर सचिन पायलट का सीधा हमला- AAP सरकार को बताया नाकाम, केंद्र की BJP सरकार पर भी सप्लाई रोकने में विफल रहने का आरोप; गुलजार सिंह मामले में कांग्रेस ने किया प्रदेशव्यापी प्रदर्शन

आरके सेठी
चंडीगढ़, 11 सितम्बर।
पंजाब में 2027 विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस ने अपना राजनीतिक नैरेटिव साफ करना शुरू कर दिया है। नए प्रदेश प्रभारी सचिन पायलट ने आज ड्रग्स के मुद्दे पर आम आदमी पार्टी सरकार के साथ-साथ केंद्र की भाजपा सरकार को भी सीधे निशाने पर लिया। इसी दिन गुलजार सिंह प्रकरण को लेकर कांग्रेस ने पूरे पंजाब में एसपी-एसएसपी कार्यालयों तक प्रदर्शन कर सरकार पर दबाव बढ़ाया।
पायलट का संदेश- AAP भी जिम्मेदार, BJP भी जवाब दे
सचिन पायलट ने कहा कि पंजाब में ड्रग्स की समस्या सबसे बड़ी चुनौतियों में से एक है। उनके मुताबिक इस समस्या पर कार्रवाई करने में राज्य की AAP सरकार पूरी तरह नाकाम रही है, जबकि पंजाब में आ रही ड्रग्स की सप्लाई रोकने में केंद्र की BJP सरकार भी विफल रही है। पायलट ने कहा कि कांग्रेस का फोकस पंजाब के युवाओं के बेहतर भविष्य और राज्य के विकास पर रहेगा।
युवाओं और विकास को कांग्रेस ने बनाया दूसरा बड़ा मुद्दा
पायलट ने कहा कि कांग्रेस पंजाब में पूरी मेहनत के साथ चुनाव लड़ेगी। पार्टी का मुद्दा साफ है कि युवाओं के बेहतर भविष्य के लिए योजनाएं लाई जाएं और पंजाब को देश के अग्रणी राज्यों में शामिल किया जाए। उन्होंने कहा कि जनता जानती है कि कांग्रेस ने पंजाब के विकास के लिए काम किया है और पार्टी का संकल्प पंजाब का विकास तथा युवाओं का भविष्य बेहतर बनाना है।
आज गुलजार प्रकरण पर पूरे पंजाब में कांग्रेस का प्रदर्शन
पायलट के इस राजनीतिक संदेश के बीच कांग्रेस ने आज गुलजार सिंह प्रकरण को लेकर पूरे पंजाब में प्रदर्शन किया। जिला कांग्रेस कमेटियों के नेतृत्व में कार्यकर्ताओं ने एसपी और एसएसपी कार्यालयों तक मार्च किया और वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग को लेकर ज्ञापन सौंपे। पंजाब कांग्रेस अध्यक्ष राजा वड़िंग ने सभी जिला इकाइयों को प्रदर्शन के लिए जुटने के निर्देश दिए थे।
यह आंदोलन 8 सितंबर को चंडीगढ़ में मुख्यमंत्री आवास की ओर कांग्रेस के बड़े मार्च के बाद अगला चरण है। यानी कांग्रेस ने गुलजार सिंह मामले को चंडीगढ़ तक सीमित रखने के बजाय अब जिला स्तर तक पहुंचा दिया है।
गुलजार से ड्रग्स तक, कांग्रेस ने सरकार की जवाबदेही को जोड़ा
गुलजार सिंह मामले में कांग्रेस लगातार हरपाल सिंह चीमा के खिलाफ कार्रवाई की मांग कर रही है। पार्टी का आरोप है कि मामले में सरकार ने पर्याप्त कार्रवाई नहीं की। आज के प्रदेशव्यापी प्रदर्शन के जरिए कांग्रेस ने इस मुद्दे को चंडीगढ़ से निकालकर जिला स्तर तक पहुंचा दिया है। कांग्रेस का हमला अब ड्रग्स के मुद्दे और गुलजार सिंह प्रकरण के जरिए पंजाब में सरकार की जवाबदेही के बड़े सवाल से जुड़ता दिखाई दे रहा है।
पायलट की रणनीति- गांव-गांव तक पहुंचेगी कांग्रेस
पायलट ने साफ किया है कि कांग्रेस एक-एक विधानसभा और गांव तक पहुंचेगी और AAP सरकार की नाकामियां जनता के सामने रखेगी। उन्होंने यह भी स्पष्ट किया कि 2027 का चुनाव कांग्रेस किसी एक मुख्यमंत्री चेहरे के बजाय सामूहिक नेतृत्व में लड़ेगी और राहुल गांधी अभियान का नेतृत्व करेंगे। मुख्यमंत्री का फैसला चुनाव में बहुमत मिलने के बाद होगा।
राजनीतिक संकेत- कांग्रेस ने मुकाबले की दिशा तय की
पायलट के आज के बयान और कांग्रेस के प्रदेशव्यापी प्रदर्शन को साथ रखकर देखें तो कांग्रेस ने 2027 के लिए अपनी शुरुआती राजनीतिक दिशा तय कर दी है। पार्टी एक तरफ AAP को पंजाब सरकार की नाकामियों के लिए घेर रही है, दूसरी तरफ ड्रग्स की सप्लाई और सीमा सुरक्षा के सवाल पर BJP को कटघरे में खड़ा कर रही है।
ड्रग्स, युवाओं का भविष्य, पंजाब का विकास और सरकार की जवाबदेही- कांग्रेस इन चार मुद्दों को लेकर 2027 की लड़ाई का अपना नैरेटिव तैयार करती दिखाई दे रही है।

